उर्गम घाटी में आयोजित राष्ट्रीय पर्यावरण मेले में जिला पंचायत उपाध्यक्ष लक्ष्मण खत्री को मिला स्वर्गीय गौरा देवी सम्मान
जोशीमठ/चमोली। उत्तराखंड की पावन उर्गम घाटी में पर्यावरण संरक्षण और ग्रामीण विकास के संदेश के साथ 29वें गौरा देवी पर्यावरण एवं प्रकृति विकास मेले का भव्य आयोजन किया गया। यह दो दिवसीय राष्ट्रीय स्तर का पर्यावरण मेला मेला समिति एवं जनदेश स्वैच्छिक संगठन, कल्प क्षेत्र जोशीमठ के संयुक्त तत्वावधान में संपन्न हुआ।
मेले में पर्यावरण संरक्षण, प्राकृतिक संसाधनों के सतत उपयोग, सामाजिक जागरूकता और ग्रामीण विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा, गोष्ठियाँ एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीणों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और पर्यावरण प्रेमियों ने इसमें सहभागिता की।
लक्ष्मण खत्री को मिला स्वर्गीय गौरा देवी सम्मान
इस अवसर पर सामाजिक क्षेत्र में उत्कृष्ट एवं उल्लेखनीय योगदान के लिए चमोली जनपद के जिला पंचायत उपाध्यक्ष लक्ष्मण खत्री को प्रतिष्ठित स्वर्गीय गौरा देवी सम्मान से सम्मानित किया गया।
सम्मान प्रदान करते हुए आयोजकों ने उनके सामाजिक कार्यों, जनसेवा के प्रति समर्पण और ग्रामीण विकास में सक्रिय भूमिका की सराहना की।
सम्मान पर क्या बोले लक्ष्मण खत्री
सम्मान प्राप्त करने के बाद लक्ष्मण खत्री ने आयोजकों एवं मेला समिति का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह सम्मान उनके लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने कहा कि वे आगे भी समाज सेवा, पर्यावरण संरक्षण और जनहित के कार्यों को और अधिक समर्पण के साथ जारी रखेंगे।
पर्यावरण संरक्षण पर दिया गया विशेष जोर
मेले के दौरान वक्ताओं ने हिमालयी क्षेत्र में बढ़ते पर्यावरणीय संकट, जल स्रोतों के संरक्षण, वनों की सुरक्षा तथा स्थानीय जनसहभागिता की आवश्यकता पर विस्तार से प्रकाश डाला। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीण समाज को पर्यावरण संरक्षण के प्रति अधिक जागरूक करना रहा।
निष्कर्ष
29वां गौरा देवी पर्यावरण मेला न केवल सांस्कृतिक और सामाजिक एकता का प्रतीक बना, बल्कि इसने पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास के संदेश को भी मजबूत किया।